पटना। उद्योग मंत्री श्याम रजक ने बक्सर, जहानाबाद, गया, पश्चिमी चंपारण, गोपालगंज, सारण एवं मधुबनी जिलों में मुख्यमंत्री एससी-एसटी उद्यमी योजना की प्रगति पर असंतोष जताया। उन्होंने निर्देश दिया कि छह मार्च तक इन जिलों में अपेक्षित प्रगति नहीं होती है, तो संबंधित महाप्रबंधक पर प्रशासनिक कार्रवाई की जायेगी। मंत्री ने इस योजना की दूसरी एवं तीसरी किस्त शीघ्र जारी करने का भी आदेश दिया।
उद्योग मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री अत्यंत पिछड़ी जाति उद्यमी योजना की घोषणा शीघ्र की जायेगी। इसके लिए सभी महाप्रबंधकों को योजना के कार्यान्वयन के लिए आवश्यक निर्देश दिये गये।
प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम योजना की समीक्षा में पाया गया कि अब तक मात्र 28 प्रतिशत ही उपलब्धि हुई है। योजना के अंतर्गत बिहार का भौतिक लक्ष्य 4943 है तथा 14828 लाख रुपये मार्जिन मनी का लक्ष्य है। जिला उद्योग केंद्र ने अब तक 18684 आवेदन बैंकों को भेजा है। इनमें मात्र 1640 आवेदकों का ही लोन स्वीकृत किया गया है। उद्योग मंत्री ने सभी बैंकर्स को निर्देश दिया कि 15 मार्च तक 100 प्रतिशत लक्ष्य की प्राप्ति करें अन्यथा बैंक पदाधिकारियों पर एससी-एसटी अत्याचार अधिनियम एवं अन्य धाराओं के अंतर्गत प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई की जायेगी।
बैठक में उद्योग विभाग के सचिव नर्मदेश्वर लाल, निदेशक पंकज कुमार सिंह एवं रवींद्र प्रसाद, उद्योग विभाग एवं बैंकों के पदाधिकारी शामिल थे।