नई दिल्ली। कैबिनेट सचिव राजीव गौबा ने राज्यों से कहा है कि वह तब्लीगी जमात में शामिल लोगों के गहन संपर्क का पता लगाने का काम युद्धस्तर पर करें। उन्होंने कहा कि जमात के लोगों के देश के अन्य हिस्सों में लोगों के साथ संपर्क में आने की आशंका है। इससे कोविड-19 के संक्रमण को रोकने के प्रयास खतरे में पड़ गये हैं। दिल्ली के निजामुद्दीन स्थित तब्लीगी जमात के मरकज में 1830 लोग शामिल हुए थे। इनमें तमिलनाडु से 501, असम से 216, यूपी से 156, महाराष्ट्र से 109, एमपी से 107, बिहार से 86 एवं अन्य देशों से 281 लोग शामिल थे।
कैबिनेट सचिव ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से सभी राज्यों के मुख्य सचिव और पुलिस महानिदेशकों के साथ बैठक की। उन्होंने कहा कि तब्लीगी जमात में भाग लेने वाले विदेशियों ने वीजा शर्तों का उल्लंघन किया है। राज्यों से ऐसे विदेशियों के साथ जमात के आयोजकों के खिलाफ भी वीजा शर्तों के उल्लंघन के लिए कार्रवाई शुरू करने को कहा गया है।
राज्यों को एक सप्ताह के अंदर प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना लागू करने का भी निर्देश दिया गया। इसमें लाभार्थियों के लिए बड़े पैमाने पर नकदी हस्तांतरण किया जायेगा। राज्य सरकारों से आवश्यक वस्तुओं के निर्माण और उनकी आपूर्ति श्रृंखला सुनिश्चित करने के लिए भी कहा गया है।