नई दिल्ली। लाॅकडाउन में हाईवे पर ट्रकों की मरम्मत करने वाले गैरेज एवं पेट्रोल पंप खुले रहेंगे। खेती से संबंधित सामान के परिवहन में किसी तरह की परेशानी न हो। इसको देखते हुए केंद्र सरकार ने कई निर्णय लिये। कृषि उपकरण, पार्ट्स, खाद एवं बीज की दुकानें भी खुली रहेंगी। चाय बागानों पर अधिकतम 50 प्रतिशत कर्मचारी के साथ काम किया जा सकेगा।
केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने किसानों को राहत पहुंचाने के उपायों पर सख्ती से अमल करने के लिये वरिष्ठ अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। उन्होंने कंट्रोल रूम बनाकर नियमित निगरानी के निर्देश भी दिये।
कृषि मंत्री ने कहा कि सभी कार्यों के दौरान सामाजिक दूरी बनाये रखना बहुत जरूरी है। फसल की कटाई में किसानों को कोई परेशानी नहीं होनी चाहिए। यह कोशिश भी हो कि उनकी उपज खेत के पास ही बिक जाये। खाद-बीज का परिवहन एवं कृषि वस्तुओं का निर्यात भी जारी रहे।
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय कृषि बाजार (ई-नाम) प्लेटफॉर्म की नई सुविधा लांच की गई है। इसका इस दौरान लाभ उठाया जा सकता है। केंद्र ने किसानों के अल्पकालिक फसल ऋण भुगतान की अवधि 31 मई 2020 तक बढ़ा दी है। अब किसान फसल ऋण को बिना फाइन के मात्र चार प्रतिशत ब्याज पर भुगतान कर सकते हैं।