पटना। बिहार चैंबर ऑफ काॅमर्स एंड इंडस्ट्रीज ने जीएसटी रिटर्न के विलंब शुल्क को माफ करने का आग्रह किया है। चैंबर ने कहा है कि जीएसटी के अंतर्गत फरवरी 2020 से जुलाई 2020 तक फाइल की जानेवाली रिटर्न 3 बी का 30 सितंबर तक एवं अगस्त 2020 का 10 अक्टूबर तक के लिए विलंब शुल्क को पूरी तरह से माफ करना चाहिए। वैसी व्यवसायी जिन्होंने अपना रिटर्न एक जुलाई 2020 के पहले विलंब शुल्क के साथ भुगतान कर दिया था। उनके विलंब शुल्क को वापस करना चाहिए।
चैंबर अध्यक्ष पीके अग्रवाल ने बताया कि फरवरी, मार्च एवं अप्रैल 2020 के रिटर्न दाखिल करने में विलंब शुल्क को सशर्त रूप से माफ किया गया है। मई, जून, जुलाई और अगस्त 2020 के लिए विलंब शुल्क में कोई छूट नहीं दी गयी है। इसमें एक मात्र राहत यह दी गई है कि विलंब शुल्क की अधिकतम राशि 500 रुपया प्रति कर अवधि के लिए कैप की गई है। चैंबर ने इस संबंध में केंद्रीय वित्त मंत्री, बिहार के डिप्टी सीएम, प्रधान मुख्य आयुक्त, सेंट्रल जीएसटी एवं राज्य कर आयुक्त-सह-सचिव वाणिज्य-कर विभाग एवं जीएसटी काउंसिल से अनुरोध किया है।