पटना। प्रधानमंत्री रोजगार सृजन योजना पर एक दिवसीय जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन बीआईए परिसर में किया गया। आयोजन खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग, बिहार एवं सूर्य मोहिनी चैरिटेबल ट्रस्ट के संयुक्त सहयोग से किया गया। कार्यक्रम में खादी एवं ग्राम उद्योग आयोग के निदेशक हनीफ मेवाती एवं पदाधिकारी उपस्थित थे। बीआईए की ओर से महिला सबकमिटी की चेयरपर्सन एवं सूर्य मोहिनी चैरिटेबल ट्रस्ट की संचालिका संध्या सिन्हा ने जागरूकता कार्यक्रम में भाग लिया। व्यक्तिगत एवं ऑनलाइन माध्यम से 100 से अधिक लोगों ने भाग लिया।
खादी ग्रामोद्योग आयोग के निदेशक ने बताया कि प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम भारत सरकार के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय ने तैयार किया है। इसमें प्रधानमंत्री रोजगार योजना और ग्रामीण रोजगार सृजन योजना को विलय किया गया है। योजना का कार्यान्वयी अभिकरण ग्रामीण क्षेत्र के लिए खादी और ग्रामोद्योग आयोग तथा खादी और ग्रामोद्योग बोर्ड है। जिला उद्योग केंद्र देश के ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों के लिए कार्यान्वी अभिकरण है।

परियोजना के लिए अधिकतम राशि 25 लाख एवं सेवा क्षेत्र के लिए 10 लाख है। समान्य श्रेणी के लाभार्थी को स्वयं का अंशदान 10 प्रतिशत है। इसी श्रेणी के लाभार्थी को इस योजना के तहत शहरी क्षेत्र के लिए 15 प्रतिशत तथा ग्रामीण क्षेत्र के लिए 25 प्रतिशत योजना लागत पर सब्सिडी का प्रावधान है। अन्य श्रेणियों के लिए परियोजना लागत पर अंशदान पांच प्रतिशत है। इस श्रेणी के लाभार्थी के लिए शहरी क्षेत्र में 25 प्रतिशत एवं ग्रामीण क्षेत्र के लिए 35 प्रतिशत अनुदान उपलब्ध है।