पटना। वर्तमान रेपो रेट 5.40 प्रतिशत से बढ़ाकर 5.90 प्रतिशत किए जाने पर बिहार इंडस्ट्रीज एसोसिएशन (बीआईए) ने चिंता व्यक्त की है। आरबीआई की मौद्रिक नीति पर एसोसिएशन का कहना है कि कोविड महामारी के परिपेक्ष्य में उभरे संकट से देश का उद्योग एवं वाणिज्य जगत उबरने का प्रयास कर रहा है, लेकिन आरबीआई बार-बार रेपो रेट में वृद्धि कर चिंता में डाल रहा है।
एसोसिएशन के अध्यक्ष अरुण अग्रवाल ने कहा पिछले माह ही आरबीआई ने रेपो रेट में बढ़ोत्तरी की थी। वर्तमान में रेपो रेट की यह तीसरी वृद्धि है। रेपो रेट में इजाफा होने से ब्याज दर बढे़गा। इससे ग्राहक पर कर्ज का बोझ अधिक होगा।
उद्योग एवं वाणिज्य पहले से ही महंगाई, पेट्रोल-डीजल के दामों में बेतहासा वृद्धि के साथ यूक्रेन-रूस के बीच जारी युद्ध के कारण प्रभावित है। ऐसे समय में रेपो रेट में बढ़ोतरी कहीं से भी उचित नहीं लगता है। आरबीआई को इसपर पुनर्विचार करना चाहिए। उन्होंने मांग की कि कम से कम उद्योग के लिए रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं होनी चाहिए।