पटना। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार एवं उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने राज्यवासियों से अपील की है कि कोरोना वायरस के बचाव के लिए बताये गये निर्देशों का पालन करें। संक्रमण के संबंध में किसी प्रकार की सूचना मिलने पर शीघ्र जानकारी दें। बीमारी को छुपाएं नहीं। यह अपने लिए और समाज के लिए सहयोग होगा। कोरोना की गंभीरता को देखते हुए हर नागरिक को सचेत रहना जरूरी है। इसका बेहतर उपाय सोशल डिस्टेंस (सामाजिक एवं आपसी दूरी) है।
प्रधानमंत्री ने 22 मार्च (रविवार) को जनता कर्फ्यू का आह्वान किया है। हम बिहारवासियों से अपील करते हैं कि वे सुबह सात बजे से रात नौ बजे तक अपने घरों में रहकर जनता कर्फ्यू का पालन करें। रात नौ बजे के बाद भी घर में ही रहें।
उन्होंने कहा है कि कोरोना वायरस से पूरी मानव जाति संकट में है। हम सब इस महामारी का डटकर मुकाबला कर रहे हैं। हर व्यक्ति की सतर्कता ही कोरोना वायरस के संक्रमण से बचाव का उपाय है। इसका अनुभव हमें आने वाली चुनौतियों के लिए भी तैयार करेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना वायरस को लेकर राज्य सरकार पूरी तरह से सतर्क है। इस पर लोगों को भयभीत होने की जरूरत नहीं है। लोगों को इस बात के लिए सचेत करने की जरूरत है कि भीड़ वाले स्थानों पर जाने से बचना चाहिए और अनावश्यक यात्रा से भी बचें। अधिक समय अपने घर में ही व्यतीत करें। किसी से हाथ नहीं मिलाएं और विशेषकर मेटलयुक्त सामग्रियों को बेवजह छूने से परहेज करें।
व्यक्तिगत बचाव के लिए आवश्यक है कि किसी भी व्यक्ति से दो मीटर की दूरी बनाकर रखें। अपने हाथों को 20 सेकेंड तक अच्छे से साफ एवं खांसते समय मुंह पर रुमाल का इस्तेमाल करें। हर परिस्थिति में लोगों की सहायता करना सरकार का दायित्व है।
कोरोना वायरस से बचाव को लेकर उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में स्वास्थ्य मंत्री, मुख्य सचिव एवं डीजीपी, कई विभागों के प्रधान सचिव एवं सचिव मौजूद थे।