पटना। कोरोना संक्रमण को नियंत्रित करने के लिए लॉकडाउन लगाया गया है। इस दौरान इच्छुक लोगों को रोजगार उपलब्ध कराने के लिए तत्परता से काम करने का निर्देश मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने दिया। उन्होंने कहा कि सबको रोजगार मिले यह सुनिश्चित करना है। कोई श्रमिक काम से वंचित न रहे। मुख्यमंत्री ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार सृजन एवं सामुदायिक किचन के संबंध में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा बैठक को संबोधित कर रहे थे।
सीएम ने कहा कि पिछली बार भी लॉकडाउन के दौरान बाहर से आए लोगों के साथ यहां के इच्छुक लोगों को मनरेगा के माध्यम से रोजगार सृजित किया गया था। इस बार भी मनरेगा के माध्यम से लोगों को काम का अवसर देना है। उन्होंने कहा कि ग्रामीण इलाकों के साथ शहरी क्षेत्रों में भी जरूरतमंद को काम एवं पारिश्रमिक का भुगतान समय पर होना चाहिए ।
उन्होंने कहा कि सात निश्चय पार्ट-2 के तहत कई योजनाओं को मंजूरी दी गई है। जल-जीवन-हरियाली अभियान के अंतर्गत कई निर्माण कार्य भी किए जा रहे हैं। माइकिंग से हर गांव में रोजगार की उपलब्धता की जानकारी लोगों को दें। साथ ही कोरोना संक्रमण के प्रति लोगों को सजग करने के लिए निरंतर अभियान चलाते रहें।
मुख्यमंत्री ने सभी जिलों में जरूरतमंद के लिए सामुदायिक किचन का सुचारू रुप से संचालन कराने का निर्देश दिया। सभी कार्य स्थलों पर कोविड से बचाव के लिए जारी गाइडलाइन का ठीक से पालन कराने पर उन्होंने जोर दिया।
ग्रामीण विकास विभाग के प्रधान सचिव अरविंद चौधरी ने मनरेगा के साथ ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार सृजन से संबंधित कार्य योजना की विस्तृत जानकारी दी। आपदा प्रबंधन विभाग के प्रधान सचिव प्रत्यय अमृत ने सभी जिलों में सामुदायिक किचन संचालन एवं नगर विकास एवं आवास विभाग के सचिव आनंद किशोर ने शहरी क्षेत्रों में रोजगार सृजन को लेकर किए जा रहे कार्यों की जानकारी दी।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में सभी जिलों से डीडीसी जुड़े हुए थे। बैठक में डिप्टी सीएम तारकिशोर प्रसाद एवं रेणु देवी, मुख्य सचिव, विकास आयुक्त, अपर मुख्य सचिव अमृत लाल मीणा एवं प्रधान सचिव एस. सिद्धार्थ सहित अन्य वरीय पदाधिकारी मौजूद थे।