पटना। बापू टावर के निर्माण से आनेवाली पीढ़ी को महात्मा गांधी (बापू) के विचारों को समझने में सहूलियत होगीे। बापू के जीवन में बिहार का विशेष महत्व है। बिहार भ्रमण के दौरान बापू पर यहां की स्थिति का विशेष प्रभाव पड़ा और उनके विचारों से यहां के लोग काफी प्रभावित हुए। बापू टावर निर्माण के लिए तैयार डिजाइन देखने के बाद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने उक्त बातें कहीं।
उन्होंने कहा कि बापू के चंपारण आगमन का देश की आजादी में विशेष महत्व है। इससे जुड़े सभी स्थानों को टावर में प्रमुखता से प्रदर्शित करें। 10 अप्रैल, 2017 को गांधी जी के चंपारण आगमन के 100 साल पूरा होने पर ज्ञान भवन में दो दिनों का राष्ट्रीय विमर्श किया गया था।
मुख्यमंत्री ने कहा कि 10 से 15 प्रतिशत लोग भी अगर बापू के विचारों को अपना लें, तो देश और समाज बदल जाएगा। बापू ने कहा था कि मेरा जीवन ही मेरा संदेश है। बापू ने सात सामाजिक पाप की चर्चा की है। पर्यावरण संरक्षण को लेकर भी बापू ने कहा था कि पृथ्वी हमारी आवश्यकताओं को पूरा करने में सक्षम है, लालच को नहीं। बापू के सभी विचारों को विशेष तौर पर इसमें प्रदर्शित करें।
महिलाओं की मांग पर वर्ष 2016 में बिहार में पूर्ण शराबबंदी लागू की गई। यह बापू का ही सिद्धांत था। भवन निर्माण विभाग के सचिव कुमार रवि ने ‘बापू टावर’ की भौतिक प्रगति की जानकारी दी।