प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मधुबनी जिले के सकरी और दरभंगा जिले के रैयाम में चीनी मिलों की आधारशिला रखेंगे। 20 नवंबर आधारशिला की तारीख है। सकरी और रैयाम चीनी मिलों का संचालन सहकारिता विभाग के माध्यम से होगा।
गन्ना उद्योग मंत्री संजय कुमार ने बताया कि 25 नई चीनी मिल स्थापित करने का लक्ष्य है। साथ ही बंद सभी चीनी मिलों को खोलने का प्रयास जारी है।
राज्य सरकार ने गन्ना आधारित उद्योगों की स्थापना और गन्ना फसल क्षेत्र विकास के लिए बिहार गन्ना उद्योग निवेश प्रोत्साहन नीति 2026 को मंजूरी दी है। किसानों को गन्ना की खेती से जोड़ने के लिए कई योजनाएं हैं। उन्हें अनुदानित दर पर आधुनिक यंत्र उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
गन्ना उद्योग विभाग के सचिव धर्मेंद्र सिंह ने बताया कि किसानों के हित में कई योजनाएं शुरू हुई हैं। राष्ट्रीय स्तर की तीन संस्थानों से एमओयू हुआ है।
राज्य की चीनी मिलों को सुगर कॉम्पलेक्स के रूप में स्थापित किया जाएगा। इसमें चीनी के साथ इथेनॉल, बिजली और बायोगैस का उत्पादन होगा। गोपालगंज जिले की सासामुसा चीनी मिल से जुड़े गन्ना किसानों के बकाया भुगतान के लिए सरकार ने 43 करोड़ की स्वीकृति दी है।
सचिव ने कहा कि सारण जिले की मढ़ौरा चीनी मिल से संबंधित कानूनी विवाद का शीघ्र निपटारा होगा। मोतीपुर की बंद चीनी मिल की 266 एकड़ जमीन वापस लेने की स्वीकृति सरकार से मिल गई है।
राज्य के गन्ना किसानों का सर्वे हो रहा है। इस वर्ष गन्ना की रिकवरी दर 10.3 फीसदी है। यह पिछले वर्ष की तुलना में राष्ट्रीय औसत से अधिक है। गन्ना विकास की योजनाओं से गन्ना उत्पादन, उत्पादकता और रकबा में वृद्धि होगी।