मुख्य समाचार

होल्डिंग टैक्स समय पर जमा करें, नहीं तो खाता होगा जब्त

पटना। होल्डिंग टैक्स जमा नहीं करने पर बड़ी कार्रवाई हो सकती है। यहां तक कि डिफाॅल्टर का बैंक खाता भी जब्त हो सकता है। पटना में कई ऐसे व्यावसायिक भवन हैं, जिनके पास नगर निगम की बड़ी राशि बकाया है। बिजली का कनेक्शन व लाइसेंस का रिन्यू भी तब तक नहीं होगा, जब तक होल्डिंग टैक्स अपडेट जमा नहीं होगा। उक्त बातें उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी ने पटना नगर निगम के कर संग्रहण आपके द्वार कार्यक्रम के शुभारंभ के मौके पर कहीं। यह काम स्पैरो साॅफ्टटेक एजेंसी को मिला है, जो घर-घर जाकर टैक्स की वसूली करेगी।  
जीआईएस मैपिंग व प्राॅपर्टी आइडेंटिफिकेशन नंबर राजस्व बढ़ाने में होंगे सहायक : राजस्व बढ़ाने के लिए नगर निगम ने कई प्रयोग किए, लेकिन उम्मीद के अनुरूप कर संग्रह नहीं हो सका। पटना नगर निगम के पास फिलहाल होल्डिंग के आंकड़े 2,28,000 हैं। यदि इनकी सही से गणना हो, तो यह पांच लाख के करीब होगा। इस काम में जियोग्राफिक इन्फाॅर्मेशन सिस्टम (जीआईएस) मैपिंग कारगर होगा। साथ ही प्राॅपर्टी का आइडेंटिफिकेशन नंबर भी होना चाहिए। पूरी जानकारी होने से इसका लाभ राजस्व संग्रह में होगा। पटना नगर निगम का चालू वर्ष में होल्डिंग राजस्व लक्ष्य 75 करोड़ जबकि 2018-19 का लक्ष्य 196 करोड़ है।   
आॅन लाइन टैक्स भुगतान पर जोर : उप मुख्यमंत्री ने कहा कि टैक्स का भुगतान आॅन लाइन करने पर रिबेट मिलेगा। इसके लिए व्यवस्था की जा रही है। फिलहाल चालू वित्त वर्ष में 30 जून तक टैक्स देने पर 5 फीसदी रिबेट, 30 सितंबर तक कोई रिबेट नहीं एवं 30 सितंबर के बाद हर माह 1.5 फीसदी पेनाल्टी की व्यवस्था है।  
राशि की कमी नहीं : मोदी ने बताया कि नगर निकायों के विकास के लिए राशि की कमी नहीं है बल्कि योजनाओं के क्रियान्वयन में विभाग पीछे है। 13 वें वित्त आयोग की तुलना में 14 वें वित्त आयोग की अनुशंसा पर राज्य को पांच गुना अधिक यानी 2675 करोड़ राशि मिलेगी। इसके अतिरिक्त राज्य वित्त आयोग की राशि भी है। नगर निगम को ठीक से चलाना है, तो कर्मचारियों को समय पर वेतन देना होगा।       
पथ निर्माण मंत्री : पथ निर्माण मंत्री नंद किशोर यादव ने कहा कि नगर निगम क्षेत्र की छह मीटर से अधिक चैड़ी सड़क की देखरेख पथ निर्माण विभाग करेगा। बिहार की अच्छी छवि बने, इसके लिए राजधानी को बेहतर बनाना जरूरी है। नगर निगम कर संग्रह के अधिकार का इस्तेमाल करे। चयनित एजेंसी को भी अपना काम सही से करना होगा। 
नगर विकास व आवास मंत्री : नगर विकास व आवास मंत्री सुरेश कुमार शर्मा ने कहा कि अधिक राजस्व मिलने से नगर निगम बेहतर सेवा दे सकेगा। घर के कचरे से जैविक खाद बनने से इसका लाभ किसानों को मिलेगा।  
मौके पर पटना की मेयर सीता साहू, विधायक अरुण कुमार सिन्हा, प्रधान सचिव चैतन्य प्रसाद, नगर आयुक्त अभिषेक सिंह समेत तमाम वार्ड पार्षद मौजूद थे।        
 


संबंधित खबरें