पटना । उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू ने महापुरुषों के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा गांधी के संदेश को लोगों तक पहुंचाने का काम बिहार सरकार कर रही है। नई पीढ़ी को बापू के विचारों को बताना जरूरी है। सामाजिक कुरीतियों के उन्मूलन की दिशा में भी सरकार बढ़ रही है। यह सराहनीय है। तीन दिवसीय बिहार दिवस समारोह के उद्घाटन के मौके पर उपराष्ट्रपति ऐतिहासिक गांधी मैदान में मौजूद थे। इस मौके पर उन्होंने बापू पर आधारित चार पुस्तकों का विमोचन भी किया।
उन्होंने कहा कि बिहार का गौरवशाली इतिहास रहा है। यह कई महापुरुषों की धरती रही है। जय प्रकाश नारायण से प्रभावित होकर परिवार की इच्छा के विरुद्ध मैं राजनीति में आ गया। बापू ने चंपारण में स्वच्छता अभियान चलाया। आज यह राष्ट्रीय स्तर पर एक अभियान बन गया है। बिहार सरकार की कार्यशैली की प्रशंसा करते हुए कहा कि सरकार एजेंडे के साथ काम कर रही है। सबका साथ, सबका विकास हमारी नीति होनी चाहिए। सिद्धांत के साथ आचरण पर भी ध्यान देना अनिवार्य है।
राज्यपाल : राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने कहा बापू का चंपारण सत्याग्रह उतना ही महत्वपूर्ण है, जितना एटम बम का आविष्कार। चंपारण की धरती पर वे आए थे खाली हाथ और गए सत्याग्रह का हथियार लेकर। गांधी के विचारों को आगे लाने के लिए उन्होंने राज्य सरकार को धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा प्राचीन काल में जब बिहार पाटलिपुत्र नाम से जाना जाता था, तब यह विश्व का सबसे बड़ा शहर था। वह दौर भारतीय इतिहास का स्वर्ण युग था।
मौके पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी, विधान सभा के अध्यक्ष विजय चौधरी, विधान परिषद के कार्यकारी सभापति हारुण रशीद, शिक्षा मंत्री कृष्ण नंदन वर्मा समेत कई मंत्री, विधायक, वरिष्ठ अधिकारी व छात्र मौजूद थे।