पटना/बिहार कारोबार न्यूज । पोलैंड के केटोवाइस शहर में 10 वें यूरोपीयन इकोनाॅमिक कांग्रेस के तीन दिवसीय अधिवेशन में भारत में निवेश की संभावना पर बिहार पर एक विशेष सत्र आयोजित किया गया। पोलैंड ने बिहार में उच्च शिक्षा व खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में अपनी रुचि दिखाई है। सम्मेलन में यूरोपियन संघ के 27 देशों के प्रतिनिधियों के अलावा कई देशों के 700 प्रतिनिधियों ने भाग लिया। विशेष सत्र में सुशील कुमार मोदी एवं केसी त्यागी आमंत्रित किये गए थे।
उप मुख्यमंत्री ने सत्र को संबोधित करते हुए कहा कि बिहार सब्जी के उत्पादन में भारत में तीसरे स्थान पर है तथा मक्का उत्पादन में भी रिकार्ड कायम किया है। राज्य सरकार 6 हजार रुपये जैविक सब्जी के उत्पादन के लिए अग्रिम अनुदान दे रही है। सब्जी की मार्केटिंग के लिए तीन स्तरीय को-ऑपरेटिव की संरचना तैयार हो रही है। खाद्य प्रसंस्करण में विशेषकर सब्जी व फल की बिहार में आपार संभावना है। तीसरे कृषि रोड मैप के अंतर्गत जैविक खेती खासकर सब्जी के उत्पादन, भंडारण, संरक्षण व प्रसंस्करण की कई योजनाएं कार्यान्वित की जा रही हैं।
मोदी ने बताया कि पोलैंड में फल-सब्जी का वेस्टेज 5 फीसदी जबकि भारत में 70 फीसदी है। अभी पोलैंड में 5 हजार भारतीय छात्र उच्च शिक्षा में अध्ययन कर रहे हैं। गुजरात, बंगाल, उत्तराखंड, आंध्र एवं महाराष्ट्र में पोलैंड के अलग अलग राज्यों के साथ विभिन्न क्षेत्रों में कई समझौते हुए हैं। भारत के मेड इन इंडिया के जवाब में गो इंडिया शुरू किया गया है।