मुख्य समाचार

एईएस प्रभावित क्षेत्रों में लीची की जांच करेंगे कृषि वैज्ञानिक  

पटना/20.06.19। मुजफ्फरपुर एवं समीप के जिलों में एईएस (चमकी बुखार) के कारणों में लीची के सेवन की बात आ रही है। इस कारण लोगों में लीची के प्रति संदेह एवं डर का वातावरण बना हुआ है। सही जानकारी के लिए विभाग ने कृषि वैज्ञानिकों से इसकी गहन जांच कराने का निर्णय लिया है।

कृषि मंत्री डाॅ प्रेम कुमार ने बताया कि कृषि वैज्ञानिक एवं मुख्यालय के वरीय अधिकारियों की एक टीम तैयार की गई है। टीम प्रभावित क्षेत्रों में तीन दिनों के अंदर लीची से जुड़े तथ्यों की जांच करेगी। उन्होंने एईएस से हो रही बच्चों की मौत पर दुख व्यक्त किया है। 

डाॅ प्रेम ने कहा कि कथित रूप से लीची को एक कारण मानने से लीची का व्यवसाय प्रभावित हो रहा है। साथ ही लोगों में अनावश्यक भय का माहौल बन रहा है। लीची को फलों की रानी कहा जाता है। लीची उत्पादक किसान, प्रसंस्करण एवं विपणन से जुड़े व्यवसायियों के मन में दुविधा उत्पन्न हो गई है। इसलिए यह आवश्यक है कि कृषि वैज्ञानिकों से इसकी गहन जांच करायी जाये। 
 


संबंधित खबरें