पटना। बिहार में फार्मर प्रोडयूसर आर्गेनाईजेशन (एफपीओ) बनाकर शहद के व्यापार को बढ़ावा दिया जायेगा। शहद की ब्रांडिंग एवं बेहतर मार्केटिंग की व्यवस्था की जायेगी। राज्य से शहद का निर्यात भी किया जायेगा। राज्य में लगभग 20 हजार मीट्रिक टन शहद का उत्पादन होता है। लगभग 50 हजार लोग इससे जुड़े हैं। बिहार के शहद की बड़ी मांग अमेरिका, सउदी अरब एवं मोरक्को समेत कई देशों में हैं।
कृषि मंत्री डाॅ प्रेम कुमार ने बताया कि आत्मनिर्भर भारत पैकेज में मधुमक्खीपालन के लिए 500 करोड़ रुपये के फंड की घोषणा की गई है। बिहार में मधुमक्खीपालकों की बड़ी संख्या है। इस पैकेज से यहां के मधुमक्खीपालकों को भी काफी लाभ होगा। उच्च गुणवत्ता के कारण मुजफ्फरपुर की लीची के शहद की काफी मांग है।