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राजकीय आयुर्वेदिक कॉलेज को बेहतर बनाने का निर्देश

पटना। राजकीय आयुर्वेदिक कॉलेज एवं अस्पताल और राजकीय तिब्बी कॉलेज एवं अस्पताल को बेहतर बनाने का निर्देश मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने दिया है। इसके लिए योजना बनाकर काम करने के लिए कहा गया है। दोनों संस्थानों के निरीक्षण के दौरान उन्होंने कहा कि भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए इन संस्थानों को और महत्वपूर्ण बनाना है।

विशेषज्ञों को बुलाकर चिकित्सा पद्धति को और बेहतर बनाने के लिए काम करें ताकि लोगों को इलाज में किसी प्रकार की परेशानी नहीं हो। रिसर्च विंग को भी प्रोत्साहित करें। मुख्यमंत्री ने डॉक्टर, चिकित्साकर्मी एवं बेड बढ़ाने समेत अन्य जरूरी सुविधाओं को बढ़ाने का निर्देश दिया।

उन्होंने कहा कि आयुर्वेद की जड़ी बूटियों का नाम संस्कृत और हिंदी में ही रखें ताकि लोगों को इसकी जानकारी में सहूलियत हो। राजगीर में आयुर्वेदिक औषधियों के पौधों को विशेषज्ञों से  चिन्हित कर उन्हें सुरक्षित रखें। लोग इसका उपयोग दवा के रूप में करते हैं। राज्य सरकार एलोपैथिक के साथ आयुर्वेंदिक, होम्योपैथिक एवं यूनानी चिकित्सा पद्धति को बेहतर बनाने के लिए लगातार काम कर रही है।

मुख्यमंत्री ने निरीक्षण के दौरान द्रव्य गुण विभाग, संग्रहालय, प्रयोगशाला, सभागार, कक्षा, औषधि पैकिंग कक्ष, ओपीडी, एक्स-रे, शल्य चिकित्सा, पंचकर्म विभाग, राजकीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी औषधि निर्माणशाला सहित अन्य चीजों की वस्तृत जानकारी ली।

द्रव्य गुण विभाग के सहायक प्राध्यापक डॉ भगवान सिंह एवं डॉ रमण रंजन ने औषधियों की विशेषताओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि औषधियों के निर्माण के लिए अधिकतर जड़ी-बूटियां राजगीर एवं बिहार के अन्य हिस्सों से उपलब्ध हो जाती हैं। राजकीय आयुर्वेदिक कॉलेज एवं अस्पताल में आयुर्वेद चिकित्सा पद्धति से लोग इलाज करा रहे हैं और लाभान्वित भी हो रहे हैं।

आयुष प्रक्षेत्र की समीक्षात्मक बैठक राजकीय तिब्बी कॉलेज एवं अस्पताल परिसर के कक्ष में हुई। स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने प्रस्तुतीकरण में बताया कि राजकीय आयुर्वेदिक कॉलेज एवं अस्पताल देश के पुराने आयुर्वेदिक संस्थानों मेें से एक है। इसकी स्थापना 26 जुलाई, 1926 को हुई थी। राजकीय तिब्बी कॉलेज एवं अस्पताल देश का पहला सरकारी तिब्बी कॉलेज एवं अस्पताल है। इसकी स्थापना 29 जुलाई, 1926 को की गयी थी।

मुख्यमंत्री के समक्ष राजकीय आरबीटीएस होम्योपैथिक चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल मुजफ्फरपुर, राजकीय महारानी रमेश्वरी भारतीय चिकित्सा विज्ञान संस्थान दरभंगा तथा राजकीय अयोध्या शिवकुमारी आयुर्वेदिक चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल बेगूसराय के मास्टर प्लान का प्रेजेंटेशन दिया गया।

निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य, शिक्षा एवं पथ निर्माण मंत्री, राज्य आयुष समिति के निदेशक अरविंदर सिंह, राजकीय आयुर्वेदिक कॉलेज एवं अस्पताल के प्राचार्य डॉ संपूर्णानंद तिवारी, राजकीय तिब्बी कॉलेज एवं अस्पताल के प्राचार्य डॉ तबरेज अख्तर लारी मौजूद रहेे।

 


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