पटना। बिहार के पहले खाद्य प्रसंस्करण (फूड प्रोसेसिंग) कार्यालय का उद्घाटन केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्री पशुपति कुमार पारस ने किया। ललित भवन स्थित यह कार्यालय बिहार एवं पूर्वोतर राज्यों के लिए क्षमता अभिवृद्धि केंद्र के रूप में कार्य करेगा।
केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण मंत्री ने कहा कि हाजीपुर में क्षमता अभिवृद्धि केंद्र का बड़ा ऑफिस खुलेगा। साथ ही राज्य में खाद्य प्रसंस्करण का एक बड़ा कारखाना एवं उत्तर बिहार में खाद्य प्रसंस्करण का एक विश्वविद्यालय भी खोलने की योजना है। इस मौके पर सादा और चटपटा स्वाद वाला मखाना किंग ब्रांड भी लांच किया गया। दोनों प्रोडक्ट वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट के तहत लांच किए गए हैं।
उन्होंने कहा कि उत्तर बिहार में मखाना, लीची, केला एवं मक्का सहित कई खाद्य पदार्थों का बड़े पैमाने पर उत्पादन होता है। लोगों को खाद्य प्रसंस्करण उद्योग की जानकारी देने के लिए उत्तर बिहार में एक विश्वविद्यालय खुलेगा। इसके लिए राज्य सरकार से जमीन मांगी जाएगी। राज्य सरकार से बातचीत कर एक बड़ा कारखाना भी खोला जाएगा।
खाद्य उत्पादों का प्रसंस्करण होने से किसानों की आय बढ़ेगी और रोजगार के अवसर भी खुलेंगे। क्षमता अभिवृद्धि केंद्र में उत्पादकों को प्रशिक्षण मिलेगा। हाजीपुर में जमीन उपलब्ध है। शीघ्र वहां बड़ा कार्यालय खोलने की पहल की जाएगी। बिहार के सभी जिलों में सर्वे के बाद जरूरत के अनुसार खाद्य प्रसंस्करण उद्योग लगाए जाएंगे।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि कृषि विभाग अनाज उत्पादन के लिए और खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय उसे बचाने की पहल करता है। किसानों को कृषि उत्पाद का उचित मूल्य मिले और बेरोजगारी की समस्या का समाधान हो। इसके लिए पूरे देश में मेगा फूड पार्क कार्यरत हैं। शीघ्र मिनी फूड पार्क बनाने की भी योजना है। खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय के संयुक्त सचिव मिन्हाज आलम और निफ्टेम के कुलपति डॉ सी. बासुदेवप्पा भी इस अवसर पर मौजूद रहेे।