झंझारपुर (मधुबनी)। मिथिलांचल का कोसी से रेलसंपर्क 88 साल के बाद जुड़ गया। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने दिल्ली से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से झंझारपुर-सहरसा डेमू स्पेशल ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। ट्रेन सेवा शुरू होने से झंझारपुर से सहरसा की दूरी सौ किलोमीटर कम हो जाएगी।
इससे पहले रेल मंत्री ने झंझारपुर-निर्मली एवं निर्मली-आसनपुर कुपहा रेललाइन का उद्घाटन किया। नए रेलखंड पर आठ मई से स्पेशल ट्रेनों का परिचालन शुरू हो जाएगा। 1934 में आये आठ तीव्रता के भूकंप ने कोसी और मिथिला क्षेत्र को अलग कर दिया था।
झंझारपुर स्टेशन पर आयोजित कार्यक्रम मे रेल मंत्री ने कहा कि आज का दिन ऐतिहासिक है। 88 वर्षों के बाद इस क्षेत्र की एक बड़ी समस्या का समाधान हुआ है। बिहार में इस वर्ष रेल सुविधाओं के लिए 6600 करोड़ राशि आवंटित की गई है। इस मौके पर राज्य सरकार के मंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव एवं शीला कुमारी, झंझारपुर, सुपौल एवं मधेपुरा से सांसद और विधायक, रेलवे के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।