पटना। बिहार में कम बारिश के कारण सूखे की स्थिति को देखते हुए राज्य सरकार ने किसानों के लिए डीजल अनुदान देने की व्यवस्था की है। सिंचाई के लिए साठ रुपए प्रति लीटर की दर से छह सौ रुपए प्रति एकड़ डीजल अनुदान देने का प्रावधान किया गया है। प्रत्येक किसान को अधिकतम आठ एकड़ जमीन के लिए डीजल अनुदान मिलेगा। इसके लिए उन्हें 29 जुलाई से ऑनलाइन आवेदन करना होगा।
धान का बिचड़ा एवं जूट फसल की अधिकतम दो सिंचाई के लिए बारह सौ रुपए प्रति एकड़ अनुदान की व्यवस्था की गई है। खड़ी फसल में धान, मक्का एवं अन्य खरीफ फसलों के अंतर्गत दलहन, तिलहन, सब्जी, औषधीय एवं सुगंधित पौधे की अधिकतम तीन सिंचाई के लिए अठारह सौ रुपए प्रति एकड़ की दर से अनुदान का प्रावधान किया गया है।
वैसे किसान जो दूसरे की जमीन पर खेती करते हैं। सरकार की डीजल अनुदान योजना का लाभ ले सकते हैं। सत्यापन के लिए संबंधित वार्ड सदस्य एवं कृषि समन्वयक से पहचान करानी होगी। सत्यापित करते समय यह ध्यान रखना होगा कि वास्तविक खेती करने वाले जोतदार को ही अनुदान का लाभ मिले।
कृषि मंत्री अमरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि इस वर्ष 28 जुलाई तक राज्य में सामान्य से 41 प्रतिशत कम बारिश हुई है। इस कारण अभी तक धान का आच्छादन मात्र 45 प्रतिशत हुआ है। सुखाड़ जैसे स्थिति को देखते हुए कृषि फीडर से सोलह घंटे बिजली की आपूर्ति की जा रही है। उन्होंने किसानों से कृषि फीडर का लाभ उठाते हुए अपनी फसलों को बचाने की अपील की है।