नई दिल्ली। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के अंतर्गत फेस ऑथेंटिकेशन फीचर युक्त किसान मोबाइल ऐप केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने लांच किया। इस ऐप की मदद से किसान घर से ही बिना ओटीपी या फिंगरप्रिंट के फेस स्कैन कर ई-केवाईसी कर सकते हैं।
योजना का लाभ लेने के लिए केंद्र सरकार ने ई-केवाईसी अनिवार्य कर दिया है। पीएम किसान सम्मान निधि योजना दुनिया की सबसे बड़ी डीबीटी योजनाओं में एक है। इसमें किसानों को आधारकार्ड से जुड़े बैंक खातों में सालाना छह हजार राशि तीन किस्तों में भेजी जाती है।
कृषि भवन में आयोजित इस समारोह में देशभर के कृषि विज्ञान केंद्रों से हजारों किसान, राज्य सरकारों के अधिकारी एवं कृषि संगठनों के प्रतिनिधि वर्चुअल जुड़े थे। इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी योजना है।
इसके क्रियान्वयन में राज्य सरकारों ने काफी मेहनत की है। इसी का परिणाम है कि लगभग साढ़े आठ करोड़ किसानों को केवाईसी के बाद हम योजना की किस्त देने की स्थिति में आ गए हैं।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि पीएम-किसान एक अभिनव योजना है। इसका लाभ बिना किसी बिचौलियों के केंद्र सरकार किसानों को दे पा रही है। किसानों को टेक्नालॉजी की मदद से ही लाभ देना संभव हो पाया है। केंद्र सरकार ने टेक्नालॉजी का उपयोग करके यह ऐप बनाया है। इससे काम काफी सरल हो गया है। सभी आवश्यक सुविधाएं राज्यों को उपलब्ध करा दी गई हैं। इससे निर्धारित लक्ष्य को पाने में सुविधा होगी।
केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री कैलाश चौधरी, केंद्रीय कृषि सचिव मनोज अहूजा एवं अतिरिक्त सचिव प्रमोद कुमार मेहरदा ने अपने विचारों को रखा।