डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव ने अपनी जापान यात्रा के दौरान ओसाका शहर में बिहार टूरिज्म रोड शो कार्यक्रम को संबोधित किया। टोक्यो के बाद उन्होंने ओसाका में वहां के प्रमुख टूर-ट्रैवल ऑपरेटर्स के साथ बातचीत की। उन्हें बिहार के पर्यटन स्थलों की जानकारी दी और उनकी समस्याओं को सुना।
बिहार टूरिज्म रोड शो में डिप्टी सीएम ने कहा कि बिहार सरकार पश्चिम एवं दक्षिण पूर्व एशियाई देशों में बौद्ध स्थलों के प्रचार-प्रसार के लिए हर संभव प्रयास कर रही है। बिहार में पर्यटन के एक प्रमुख केंद्र बनने की काफी संभावनाएं हैं।
पर्यटन के माध्यम से राज्य में रोजगार भी बढ़ाया जा सकता है। इसी सोच के साथ राज्य सरकार सभी स्टेक होल्डर्स के साथ समन्वय बनाते हुए आगे बढ़ रही है। इसका सकारात्मक परिणाम जरूर मिलेगा।

उन्होंने कहा कि बिहार धार्मिक और ऐतिहासिक रूप से समृद्ध राज्य है। बिहार भगवान बुद्ध की भूमि है। भगवान बुद्ध से जुड़े पवित्र स्थलों को बौद्ध सर्किट नाम दिया गया है।
बिहार के पास एक समृद्ध ऐतिहासिक विरासत है। बिहार की कई संरचनाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विरासत स्थलों के रूप में भी मान्यता मिली है। सिख धर्म के दसवें गुरु गोविंद सिंह जी, मां सीता एवं जैन धर्म के 24वें तीर्थंकर भगवान महावीर का जन्म बिहार में ही हुआ था। मनेरशरीफ, बिहारशरीफ एवं फुलवारीशरीफ प्राचीन सूफी आस्था के केंद्र हैं।
सासाराम, चंपारण क्षेत्र, पटना, भागलपुर में विक्रमशिला, पावापुरी, नालंदा से जुड़ी बिहार में बहुत सी समृद्ध पौराणिक, ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक परंपराएं हैं। ये बिहारवासियों के असंख्य त्योहार, उत्सव और जीवन में प्रतिबिंबित होती हैं।

बिहार टूरिज्म रोड शो में पर्यटन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी, भारतीय दूतावास में अंडर सेक्रेटरी अनिल रतूड़ी, बिहार फाउंडेशन जापान चैप्टर के अध्यक्ष आनंद विजय सिंह भी मौजूद थे।