मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने उसना चावल मिल मालिकों के साथ बैठक करने का निर्देश संबंधित विभागों को दिया है। उन्होंने कहा कि बिहार में उसना चावल खानेवालों की संख्या अधिक है। इसको ध्यान में रखते हुए उसना चावल तैयार कराने के लक्ष्य पर काम करें।
धान खरीद को लेकर समीक्षात्मक बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार किसानों की हरसंभव सहायता के लिए सजग है। धान खरीद का काम बेहतर ढंग से होना चाहिए ताकि किसानों को परेशानी नहीं हो।

रैयत और गैर रैयत किसानों से धान खरीद का अलग-अलग ब्योरा रखें। धान के अनुमानित उत्पादन के अनुसार जिलावार धान खरीद का लक्ष्य तय करें। इस काम में गड़बड़ी करनेवालों पर भी नजर रखें।
खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के सचिव विनय कुमार ने बताया कि इस वर्ष धान खरीद का लक्ष्य 45 लाख मीट्रिक टन है। सामान्य ग्रेड के धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य 2183 रुपये प्रति क्विंटल है। धान खरीद की प्रस्तावित अवधि एक नवंबर, 2023 से 15 फरवरी, 2024 तक है।

चरणबद्ध तरीके से धान खरीद की प्रक्रिया शुरू की गई है। उसना चावल मिलर्स की संख्या पिछले वर्ष 255 थी। यह बढ़कर अब 349 हो गई है। सहकारिता विभाग के अपर मुख्य सचिव दीपक कुमार सिंह एवं कृषि विभाग के सचिव संजय कुमार अग्रवाल ने भी जानकारी दी।