नई दिल्ली। केंद्रीय वित्त एवं कॉरपोरेट कार्य मंत्री निर्मला सीतारमण ने पैन के तत्काल आवंटन की सुविधा का शुभारंभ किया। यह सुविधा अब उन पैन आवेदकों के लिए उपलब्ध है, जिनके पास वैध आधार नंबर एवं पंजीकृत मोबाइल नंबर है। इसकी आवंटन प्रक्रिया कागज रहित है और आवेदकों को इलेक्ट्रॉनिक पैन (ई-पैन) नि: शुल्क जारी किया जाता है।
उल्लेखनीय है कि वित्त मंत्री ने केंद्रीय बजट 2020 में तत्काल पैन आवंटन की सुविधा शीघ्र शुरू करने की घोषणा की थी। तत्काल पैन आवंटन सुविधा का शुभारंभ आयकर विभाग की डिजिटल इंडिया की ओर बढ़ाया गया एक अहम कदम है।
आधार पर आधारित ई-केवाईसी के माध्यम से तत्काल पैन आवंटन की सुविधा की औपचारिक शुरुआत भले ही आज की गई हो, लेकिन इसका बीटा संस्करण परीक्षण के आधार पर आयकर विभाग की ई-फाइलिंग वेबसाइट पर 12 फरवरी 2020 को ही शुरू कर दिया गया था। तब से लेकर 25 मई 2020 तक लगभग प्रति 10 मिनट में 6,77,680 तत्काल पैन आवंटित किये जा चुके हैं। 25 मई तक करदाताओं को 50.52 करोड़ पैन आवंटित किये जा चुके हैं।
‘तत्काल पैन’ के लिए आवेदन की प्रक्रिया बहुत सरल है। तत्काल पैन प्राप्त करने के लिए आवेदक को आयकर विभाग की ई-फाइलिंग वेबसाइट पर जाकर अपना वैध आधार नंबर डालना होता है। इसके बाद उसके आधार पंजीकृत मोबाइल नंबर पर एक ओटीपी आता है, जिसे उसे वेबसाइट पर डालना है।
यह प्रक्रिया पूरी होते ही 15 अंकों वाली एक पावती संख्या प्राप्त होती है। यदि आवश्यकता पड़े तो आवेदक किसी भी समय अपने आधार नंबर के जरिये अपने अनुरोध की स्थिति की जांच कर सकता है। आवंटन सफलतापूर्वक हो जाने पर आवेदक अपना ई-पैन डाउनलोड कर सकता है। ई-पैन को आवेदक के ई-मेल पते पर भी भेजा जाता है, बशर्ते कि वह आधार के साथ पंजीकृत हो।