पटना। 88 वस्तुओं पर हाल ही में जीएसटी काउंसिल ने टैक्स में कटौती की है। इस संबंध में अधिसूचना बिहार सहित पूरे देश में 27 जुलाई तक निर्गत कर दी गई है। निर्माता, कंपनियों व दुकानदारों को निर्देश है कि घटे हुए दाम पर उपभोक्ताओं को सामान बेचें नहीं, तो केन्द्र व राज्यों की एंटी प्रोफिटीरिंग (मुनाफाखोरी) कमिटी कार्रवाई करने के लिए बाध्य होगी।
उपभोक्ता करें शिकायत : जीएसटी मंत्री समूह के संयोजक सह डिप्टी सीएम सुशील कुमार मोदी ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि जिन वस्तुओं पर कर की दर कम की गई है, उनकी खरीदारी करते समय घटे हुए जीएसटी का स्टीकर जरूर देखें। अगर कोई निर्माता या दुकानदार घटी हुई दर पर सामान नहीं बेच रहा है, तो इसकी शिकायत करें। बिहार में भी एंटी प्रोफिटीरिंग कमिटी बनी हुई है। जरूरत पड़ी तो वाणिज्य कर विभाग के अधिकारी निरीक्षण कर कार्रवाई करेंगे।
हिन्दुस्तान यूनिलीवर से 119 करोड़ वसूली : केन्द्रीय एंटी प्रोफेटरिंग कमिटी ने टैक्स कटौती का लाभ उपभोक्ताओं को नहीं देने पर हिन्दुस्तान यूनिलीवर से 119 करोड़ का जुर्माना वसूला है। साथ ही 50 से अधिक कंपनियों जिनमें कोक, पेप्सीको, एमेजाॅन, फ्लीपकार्ट, मैकडोनाल्ड, डोमिनाॅज व नेस्ले पर भी कार्रवाई हुई है।
जीएसटी काउंसिल ने हाल में 35 वस्तुओं जिनमें वाशिंग मशीन, फ्रिज, वैक्यूम क्लीनर, टीवी, मिक्सर, वाटर कूलर, मिल्क कूलर, सौंदर्य प्रसााधन, पेंट और वार्निश आदि पर कर की दर 28 से घटा कर 18 फीसदी की है। जीएसटी लागू होने के एक साल में 386 वस्तुओं व 68 सेवाओं यानी कुल 450 वस्तु व सेवाओं पर कर की दर कम की जा चुकी है।