जमुई जिला के नागी पक्षी आश्रयणी में राज्य के पहले पक्षी महोत्सव ‘कलरव’ का उद्घाटन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने किया। तीन दिवसीय महोत्सव 17 जनवरी तक है। आयोजन पर्यावरण वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग ने किया है। इस मौके पर लोक गायिका मैथिली ठाकुर ने अपनी प्रस्तुति दी।
नागी पक्षी आश्रयणी बड़ी संख्या में पक्षी का निवास स्थल है। ठंड के मौसम में विदेश से बड़ी तादाद में पक्षी यहां आते हैं। मुंबई समेत कई जगहों से पक्षी विशेषज्ञ उत्सव में आएं हैं। ये लोगों को पक्षियों के बारे में विस्तार से जानकारी देंगे।
महोत्सव में होने वाले कार्यक्रम : नौका विहार, बर्ड रेस, बर्ड वाचिंग, चित्र प्रदर्शनी, पक्षी प्रश्नोत्तरी, विशेषज्ञ वार्ता, खाना, समाचकेबा नाटक, मैराथन, कबड्डी एवं कंचा टूर्नामेंट, साइकिल रैली, डिजिटल इंफोटेनमेंट।
जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि हम यहां पहली बार आए हैं। पर्यावरण के दृष्टिकोण से यह काफी सुंदर एवं महत्वूर्ण जगह है। नई पीढ़ी से आह्वान करते हुए उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक रहने की जरूरत है। इस तरह के आयोजन से पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा।उन्होंने कहा कि यहां के पहाड़ दो से 10 करोड़ साल पुराने हैं। इसलिये यह पौराणिक और ऐतिहासिक जगह है। नई पीढ़ी को इसके बारे में जानना चाहिए।
मुख्यमंत्री ने पक्षी संचेतना केंद्र का भी उद्घाटन किया। उन्होंने टेलिस्कोप के जरिये नागी डैम में कलरव कर रहे पक्षियों के विहंगम दृष्य को भी देखा। पक्षी विशेषज्ञों ने प्रवासी पक्षी ‘टीकटीकी’ का डेमोंस्ट्रेशन किया। उन्होंने ‘टिकटीकी’ को उड़ाकर पक्षियों को संरक्षित रखने का संदेश दिया।
इस दौरान मुख्यमंत्री ने पर्यावरण वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग, जिला औद्योगिक केंद्र जमुई, बांबे नेचुरल हिस्ट्री सोसायटी की प्रदर्शनी को भी देखा। जनसभा को डिप्टी सीएम सह पर्यावरण वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के मंत्री तार किशोर प्रसाद, जल संसाधन मंत्री विजय कुमार चौधरी एवं विभाग के प्रधान सचिव दीपक कुमार सिंह ने भी संबोधित किया।