पटना। वित्त एवं वाणिज्य-कर मंत्री विजय कुमार चौधरी का कहना है कि वाणिज्य-कर विभाग के विभिन्न सर्विस सेक्टर में की गई कार्रवाई से विभाग को उल्लेखनीय सफलता मिली है। वित्तीय वर्ष 2022-23 में 34,532 करोड़ रुपये का राजस्व संग्रह हुआ है। यह पिछले वर्ष से 27.23 प्रतिशत अधिक है।
वाणिज्य-कर मंत्री ने बताया कि केंद्र सरकार ने भी वाणिज्य-कर विभाग के प्रयासों की सराहना है। 24 अप्रैल, 2023 को राजस्व सचिव की अध्यक्षता में नई दिल्ली में राज्यों के जीएसटी आयुक्त एवं केंद्रीय माल और सेवा कर के पदाधिकारियों की बैठक हुई। इसमें बिहार के अलावा अन्य राज्यों ने भी अपने प्रयासों की जानकारी प्रेजेंटेशन के जरिए दिया।
बिहार से वाणिज्य-कर आयुक्त सह सचिव डॉ प्रतिमा ने बैठक में रियल एस्टेट, कोचिंग संस्थान एवं मनरेगा योजना में किए गए भुगतान के आधार पर विभाग की कार्रवाई की विस्तार से जानकारी दी। विभाग के प्रयासों से रियल एस्टेट क्षेत्र में 147 करोड़ रुपये की विसंगति मिली है। इसमें 18 करोड़ रुपये की वसूली की जा चुकी है। कोचिंग संस्थानों के विरुद्ध कार्रवाई में लगभग दोगुनी वृद्धि हुई है।
राजस्व सचिव ने बिहार के वाणिज्य-कर विभाग के ऐसे नए प्रयोग की सराहना करते हुए कहा कि अन्य राज्यों को भी थर्ड पार्टी इंफॉर्मेशन के आधार पर राजस्व संग्रह बढ़ाने के लिए प्रयास करना चाहिए।