नई दिल्ली/एजेंसी। लोढ़ा डवेलपर्स के एमपी लोढ़ा और उनके परिवार को देश के रीयल एस्टेट क्षेत्र का सबसे अमीर उद्यमी आंका गया है। उनकी कुल संपत्ति 31,960 करोड़ रुपये है। सूची में डीएलएफ के राजीव सिंह दूसरे और एम्बैसी ग्रुप के जितेंद्र विरवानी तीसरे स्थान पर हैं।
हुरुन रिपोर्ट और ग्रोही इंडिया ने सोमवार को ग्रोही हुरुन इंडिया रीयल एस्टेट रिच लिस्ट 2019 का तीसरा संस्करण जारी किया। इन उद्यमियों की सूची 30 सितंबर, 2019 तक संपत्ति के आधार पर तैयार की गई है। रिपोर्ट में देश के रीयल एस्टेट क्षेत्र के अमीरों की जानकारी है। इसमें कहा गया है कि लोढ़ा परिवार की संपत्ति 2019 में 18 प्रतिशत बढ़ी है। सूची में शामिल 99 अन्य भारतीयों की कुल संपत्ति का 12 प्रतिशत लोढ़ा परिवार के पास है।
डीएलएफ के राजीव सिंह 25,080 करोड़ रुपये की संपत्ति के साथ दूसरे स्थान पर हैं। 2019 में उनकी संपत्ति 42 प्रतिशत बढ़ी। पिछले साल वह इस सूची में तीसरे स्थान पर थे। एम्बैसी प्रॉपर्टी डेवलपमेंट्स के जितेंद्र विरवानी 24,750 करोड़ रुपये के साथ तीसरे स्थान पर हैं।
हीरानंदानी कम्युनिटीज ग्रुप के निरंजन हीरानंदानी 17,030 करोड़ रुपये की संपत्ति के साथ चौथे, के रहेजा के चंद्रू रहेजा और परिवार 15,480 करोड़ रुपये के साथ पांचवें, ओबरॉय रीयल्टी के विकास ओबरॉय 13,910 करोड़ रुपये की संपत्तियों के साथ छठे और बागमाने डेवलपर्स के राजा बागमाने 9,960 करोड़ रुपये की संपत्ति के साथ सातवें स्थान पर हैं।
हाउस ऑफ हीरानंदानी सिंगापुर के सुरेंद्र हीरानंदानी 9,720 करोड़ रुपये की संपत्तियों के साथ आठवें, मुंबई के रनवाल डेवलपर्स के सुभाष रनवाल और परिवार 7,100 करोड़ रुपये की संपदा के साथ नौवें और पीरामल रीयल्टी के अजय पीरामल और परिवार 6,560 करोड़ रुपये की संपदा के साथ दसवें स्थान पर हैं।
रिपोर्ट में कहा गया है कि रीयल एस्टेट क्षेत्र के दस सबसे अमीर उद्यमियों में से छह मुंबई के हैं। सौ सबसे अधिक अमीरों में 37 मुंबई के हैं। सूची में दिल्ली और बेंगलुरु के 19-19 उद्यमी हैं।